कल्पनापूरा संग्रह

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ईश्वर ने देह देकर आपको पहली निर्जनता भेंट की है।

ईश्वर ने देह देकर आपको पहली निर्जनता भेंट की है। अपनी निर्जनता को कैसे खूबसूरत रखना है ....मैं जानती हूँ। ये तुम्हारे बस की बात नहीं। हर शहर और शहर का हर साथ नहीं चलता। आप चलते हो .... * lazy लम्हों के कुछ आखरी पल... G 20 को शुक्रिया। कल मेरा शुभ दिन है ।हमेशा रहे।

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