बेरुख़ी में अपनी इतना तो असर ला... कि तू जाता सा दिखे... आता सा नहीं
रचना 120 / 7894 सितंबर 2023बेरुख़ी में अपनी इतना तो असर ला✣बेरुख़ी में अपनी इतना तो असर ला... कि तू जाता सा दिखे... आता सा नहींमूल प्रकाशनKalpana Pandey का Facebook संग्रह