कल्पनापूरा संग्रह

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मैं क्या बदल लूंगी लिख कर

मैं क्या बदल लूंगी लिख कर .... मेरा लिखना बस तुमको हुबहू रखना है। नीला प्रेम मुझे इतना ही आता है। छुट्टियां शुरू हो गई हैं पर आज स्कूल कुछ काम से आए हैं ।तस्वीर बस अभी की है।

मूल प्रकाशनKalpana Pandey का Facebook संग्रह