उदास कविता
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उदास कविता.... बिखरे हुए पारिजात हैं मन पर उजास कविता .... संभले हुए पारिजात हैं कागज़ पर सकोरा भरा हुआ है तुमसे तुमसे ....बस तुमसे। हर श्रृंगार बस तुम हो।
मूल प्रकाशनKalpana Pandey का Facebook संग्रह
उदास कविता.... बिखरे हुए पारिजात हैं मन पर उजास कविता .... संभले हुए पारिजात हैं कागज़ पर सकोरा भरा हुआ है तुमसे तुमसे ....बस तुमसे। हर श्रृंगार बस तुम हो।