घर जहां हम *कुछ* से *सब कुछ* पा जाते हैं।
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घर जहां हम *कुछ* से *सब कुछ* पा जाते हैं। आज की छुट्टी फेर बदल में गुज़ार दी। थक गई पर मन अच्छा हो गया।
मूल प्रकाशनKalpana Pandey का Facebook संग्रह
घर जहां हम *कुछ* से *सब कुछ* पा जाते हैं। आज की छुट्टी फेर बदल में गुज़ार दी। थक गई पर मन अच्छा हो गया।