कल्पनापूरा संग्रह

रचना 418 / 789

ईश्वर के सिवा जो कोई दिखता है वो शोर है तुम्हारा ।

ईश्वर के सिवा जो कोई दिखता है वो शोर है तुम्हारा । तुम खुद भी।

मूल प्रकाशनKalpana Pandey का Facebook संग्रह